राजस्थान: की शिक्षा नगरी कोटा से एक बार फिर दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। यहां NEET की तैयारी कर रहा 21 वर्षीय छात्र लोकेश डांगी (जांगिड़) पिछले 5 दिनों से लापता है। परिवार, पुलिस और प्रशासन लगातार उसकी तलाश में जुटे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस सुराग हाथ नहीं लगा है।
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि कैथून नहर के किनारे छात्र का मोबाइल, जूते, मोजे, घड़ी और कैप लावारिस हालत में मिले हैं। इसके बाद से इलाके में हड़कंप मच गया है।
जानकारी के अनुसार, लोकेश 17 फरवरी की दोपहर अपने हॉस्टल से निकला था। वह बोरखेड़ा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले इलाके में रह रहा था। शाम तक वापस न लौटने पर साथियों ने संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उसका मोबाइल बंद मिला।
18 फरवरी को पुलिस को सूचना मिली कि कैथून नहर के पास किसी छात्र का सामान पड़ा हुआ है। मौके पर पहुंची पुलिस ने सामान की पहचान लोकेश के रूप में की।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत State Disaster Response Force (SDRF) की टीम को बुलाया। पिछले पांच दिनों से गोताखोर नहर में लगातार सर्च ऑपरेशन चला रहे हैं।
पानी की गहराई और तेज बहाव के कारण तलाशी अभियान चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। अभी तक छात्र का कोई सुराग नहीं मिला है।
लोकेश मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले के खिलचीपुर का रहने वाला है। परिवार ने बताया कि उसकी सगाई हो चुकी थी और पढ़ाई पूरी होने के बाद शादी करने की तैयारी चल रही थी।
घर में जहां शादी की खुशियों की चर्चा थी, वहीं अब गहरा सन्नाटा पसरा हुआ है। परिवार के लोग कोटा में डेरा डाले हुए हैं और हर पल बेटे के सुरक्षित मिलने की दुआ कर रहे हैं।
पुलिस को मिले मोबाइल की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गायब होने से पहले लोकेश ने अपनी मंगेतर से बातचीत की थी। कॉल रिकॉर्ड्स की गहन जांच की जा रही है।
पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आखिरी बातचीत में क्या चर्चा हुई थी और क्या कोई तनाव या विवाद जैसी स्थिति थी।
लोकेश के पिता रामबाबू डांगी ने भावुक होकर कहा कि उनका बेटा बेहद अनुशासित और जिम्मेदार है। वह पिछले 5-6 वर्षों से कोटा में रहकर पढ़ाई कर रहा है और रोजाना परिवार से संपर्क में रहता था।
उन्होंने कहा, “17 फरवरी की दोपहर के बाद से उसका फोन बंद है। हमें किसी अनहोनी की आशंका सता रही है, लेकिन ईश्वर से प्रार्थना है कि मेरा बेटा सुरक्षित मिले।”
बोरखेड़ा थानाधिकारी अनिल टेलर के अनुसार, गुमशुदगी का मामला दर्ज कर लिया गया है। विशेष टीम गठित की गई है जो विभिन्न एंगल से जांच कर रही है।
मोबाइल कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR)
हॉस्टल और आसपास के CCTV फुटेज
दोस्तों और परिचितों से पूछताछ
मानसिक तनाव या अन्य कारणों की पड़ताल
पुलिस यह भी जांच रही है कि क्या छात्र किसी प्रकार के दबाव या तनाव में था।
कोटा को देश की शिक्षा राजधानी माना जाता है, जहां हर साल लाखों छात्र मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी के लिए आते हैं।
हालांकि पिछले कुछ वर्षों में छात्रों के मानसिक स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर कई सवाल उठे हैं। यह मामला एक बार फिर से छात्रों की सुरक्षा और काउंसलिंग व्यवस्था पर चर्चा का विषय बन गया है।
कैथून नहर के आसपास रहने वाले लोगों ने बताया कि जब पुलिस और SDRF की टीम मौके पर पहुंची तो इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि नहर के आसपास सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं।
फिलहाल पुलिस आत्महत्या, हादसा और अन्य संभावनाओं सहित सभी एंगल से जांच कर रही है।
अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही कोई ठोस जानकारी सामने आ सकती है।
Kota Student Missing का यह मामला न केवल एक परिवार की पीड़ा को दर्शाता है, बल्कि शिक्षा नगरी कोटा में पढ़ने वाले हजारों छात्रों और उनके अभिभावकों की चिंता भी बढ़ा रहा है।
शादी की तैयारियों के बीच अचानक बेटे के लापता होने से परिवार सदमे में है। SDRF और पुलिस की टीमें लगातार तलाश में जुटी हैं। अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि जल्द से जल्द लोकेश सुरक्षित मिल जाए।
All Rights Reserved & Copyright © 2015 By HP NEWS. Powered by Ui Systems Pvt. Ltd.