BREAKING: लाल किले और दिल्ली विधानसभा को बम से उड़ाने की धमकी! स्पीकर को भेजे ई-मेल में खालिस्तानी ग्रुप का जिक्र, हाई अलर्ट पर राजधानी

देश: की राजधानी दिल्ली में सोमवार को उस समय हड़कंप मच गया जब ऐतिहासिक लाल किला और दिल्ली विधानसभा को बम से उड़ाने की धमकी मिली। यह धमकी विधानसभा स्पीकर को भेजे गए एक ई-मेल के माध्यम से दी गई थी, जिसमें दावा किया गया था कि दोनों स्थानों पर विस्फोटक लगाए गए हैं। ई-मेल में एक कथित खालिस्तानी ग्रुप का जिक्र भी किया गया, जिससे सुरक्षा एजेंसियां तुरंत सतर्क हो गईं।

धमकी की सूचना मिलते ही राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। पुलिस, फायर सर्विस, बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वॉड की टीमों को तुरंत मौके पर भेजा गया। दोनों स्थानों पर आने-जाने वालों की जांच बढ़ा दी गई और एहतियातन आसपास के इलाकों में निगरानी तेज कर दी गई।

दोपहर 12 बजे मिला अलर्ट

दिल्ली फायर सर्विस के मुताबिक दोपहर करीब 12 बजे बम धमकी से जुड़ा अलर्ट मिला। कॉल मिलते ही फायर विभाग और अन्य आपातकालीन सेवाओं को सक्रिय किया गया। सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत विधानसभा और लाल किले के परिसरों को तत्काल सुरक्षा घेरे में लिया गया।

करीब एक घंटे तक दोनों स्थानों पर गहन तलाशी अभियान चलाया गया। बम निरोधक दस्ता ने हर कोने की जांच की, जबकि डॉग स्क्वॉड ने संदिग्ध वस्तुओं की तलाश की।

सर्च ऑपरेशन में क्या मिला?

दिल्ली पुलिस: ने बताया कि सघन तलाशी अभियान के दौरान कोई भी संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई। प्रारंभिक जांच के बाद इसे ‘हॉक्स कॉल’ घोषित कर दिया गया। हालांकि, जांच एजेंसियां ई-मेल भेजने वाले की पहचान और उसके इरादों की गंभीरता से जांच कर रही हैं।

साइबर सेल की टीम ई-मेल के स्रोत, आईपी एड्रेस और सर्वर डिटेल्स की पड़ताल कर रही है। यह भी देखा जा रहा है कि क्या ई-मेल किसी फर्जी आईडी या विदेशी सर्वर से भेजा गया था।

ई-मेल में खालिस्तानी ग्रुप का उल्लेख

धमकी भरे ई-मेल में एक तथाकथित खालिस्तानी संगठन का जिक्र किया गया था। हालांकि अधिकारियों ने अभी तक किसी संगठन की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं यह दहशत फैलाने की साजिश तो नहीं।

विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की धमकियां अक्सर राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था को चुनौती देने और अफरा-तफरी फैलाने के उद्देश्य से भेजी जाती हैं।

क्यों संवेदनशील हैं ये स्थान?

लाल किला भारत की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान का प्रतीक है। हर साल स्वतंत्रता दिवस पर प्रधानमंत्री यहीं से देश को संबोधित करते हैं। वहीं दिल्ली विधानसभा राज्य की विधायी गतिविधियों का केंद्र है। इन दोनों स्थानों को निशाना बनाना राष्ट्रीय सुरक्षा के लिहाज से बेहद गंभीर माना जाता है।

राजधानी में बढ़ाई गई सुरक्षा

धमकी के बाद दिल्ली के अन्य प्रमुख सरकारी भवनों, मेट्रो स्टेशनों और भीड़भाड़ वाले बाजारों में भी सुरक्षा बढ़ा दी गई है। अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और सीसीटीवी कैमरों की निगरानी तेज कर दी गई है।

साइबर जांच जारी

साइबर विशेषज्ञ ई-मेल की तकनीकी जांच में जुटे हैं। ई-मेल हेडर और डिजिटल फुटप्रिंट के आधार पर संदिग्ध की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। यदि ई-मेल विदेश से भेजा गया पाया जाता है, तो अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों की मदद भी ली जा सकती है।

प्रशासन की अपील

प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल किसी प्रकार का वास्तविक खतरा नहीं मिला है, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां पूरी सतर्कता बरत रही हैं।

पहले भी मिल चुकी हैं धमकियां

दिल्ली में पहले भी कई बार ई-मेल के जरिए बम धमकियां मिल चुकी हैं, जिनमें अधिकतर मामलों में कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला। फिर भी हर बार सुरक्षा एजेंसियां इन्हें गंभीरता से लेती हैं और विस्तृत जांच करती हैं।

कानूनी कार्रवाई होगी सख्त

धमकी भरा ई-मेल भेजना गंभीर अपराध है। दोषी पाए जाने पर आईटी एक्ट और भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत कड़ी कार्रवाई की जा सकती है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।


निष्कर्ष:

लाल किले और दिल्ली विधानसभा को बम से उड़ाने की धमकी ने राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था को एक बार फिर सतर्क कर दिया है। हालांकि सर्च ऑपरेशन में कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला और इसे फर्जी कॉल घोषित कर दिया गया है, लेकिन जांच एजेंसियां किसी भी संभावना को नजरअंदाज नहीं कर रहीं। अब ध्यान इस बात पर है कि धमकी भरा ई-मेल किसने और किस मकसद से भेजा।

Written By

Rajat Kumar RK

Desk Reporter

Related News

All Rights Reserved & Copyright © 2015 By HP NEWS. Powered by Ui Systems Pvt. Ltd.

BREAKING NEWS
भजनलाल शर्मा का आया एक फोन और सारा काम हो गया... | मुकेश मिश्रा बने इंडियन मीडिया काउंसिल के राजस्थान प्रदेश अध्यक्ष, रतीराम गुर्जर को मिली प्रदेश महासचिव की जिम्मेदारी | उपराष्ट्रपति चुनाव में क्रॉस-वोटिंग विवाद: TMC बोली BJP ने विपक्षी सांसदों को ₹15-20 करोड़ में खरीदा; भाजपा ने कहा – I.N.D.I.A. गठबंधन में फूट | लाल किले से 'नए भारत' का आगाज: पीएम मोदी देंगे 12वां ऐतिहासिक भाषण, 5000 खास मेहमान बनेंगे गवाह | PM मोदी बोले: पुणे जैसा पटना और मुंबई जैसा मोतिहारी बनेगा, पहली नौकरी पर सरकार देगी ₹15 हजार | प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना से किसानों को मिलेगा बड़ा लाभ, एनटीपीसी निवेश से ऊर्जा क्षेत्र को भी मिलेगी रफ्तार: अमित शाह | राजस्थान में सरकारी नौकरियों का सुनहरा मौका: 50 हजार कर्मचारियों को मिलेगा प्रमोशन, नई भर्तियों में 100% पद बढ़े | नीरव मोदी के भाई निहाल मोदी को अमेरिका में किया गया गिरफ्तार: PNB घोटाले से जुड़े सबूत मिटाने का आरोप, भारत ने की थी प्रत्यर्पण की अपील | प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बोले - भारतीय प्रवासियों ने दुनिया को भारत की संस्कृति और मूल्यों से जोड़े रखा, पूर्वजों की कठिनाइयों ने उम्मीद को नहीं तोड़ा | CM रेखा गुप्ता के बंगले के रेनोवेशन पर बवाल: एसी-टीवी से भरा टेंडर, विपक्ष ने कहा 'मायामहल' |